खुशखबरी! अगले 15 दिन में यह बडा तोहफा दे सकती है मोदी सरकार

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पेट्रोल-डीजल की कीमतों में पिछले एक महीने से हो रही कटौती आगे भी जारी रह सकती है. एक्सपर्ट्स का कहना है कि अगले 15 दिन में कीमतें 5 रुपये प्रति लीटर तक कम हो सकती हैं. उनका का कहना है कि अमेरिका ने ईरान से तेल खरीदने की पाबंदी से भारत, चीन और जापान समेत 8 देशों को फिलहाल छूट दे दी है. यह राहत अस्थायी रूप से दी गई है, लेकिन इससे भारत को सबसे ज्यादा फायदा होता दिख रहा है. हालांकि, ईरान पर अमेरिकी प्रतिबंद्ध जारी रहेगा.
आपको बता दें कि भारत दुनिया में कच्चे तेल का तीसरा बड़ा उपभोक्ता देश है. अपनी कुल जरूरत का 80 प्रतिशत आयात के जरिये पूरा करता है. इराक और सऊदी अरब के बाद ईरान भारत का तीसरा बड़ा आपूर्तिकर्ता देश है. केडिया कमोडिटा के एमडी अजय केडिया ने बताया कि सऊदी अरब की ओर से कच्चे तेल की सप्लाई बढ़ने से दाम गिर रहे हैं. 3 अक्टूबर को कच्चा तेल अपने इस साल के ऊपरी स्तर 86.74 डॉलर प्रति बैरल पर था. वहीं अब 15 फीसदी गिरकर कीमतें 72 डॉलर प्रति बैरल आ गई है.

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अजय केडिया बताते हैं कि कच्चा तेल यहां से 68 डॉलर प्रति बैरल तक आ सकता है. ऐसे में रुपया और सस्ता हो सकता है. एक अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपये 72.50 रुपये तक आ सकता है, तो देश में पेट्रोल के दाम 5 रुपये तक कम होने का अनुमान है. हालांकि सरकार ऑयल मार्केटिंग कंपनियों (HPCL,BPCL, IOC) से एक रुपये की छूट वापस लेने के लिए कह सकती है.पेट्रोल-डीजल के रेट्स इन आधार पर होते हैं तय- एनर्जी एक्सपर्ट्स नरेंद्र तनेजा ने न्यूज18 हिंदी को बताया कि ऑयल मार्केटिंग कंपनियां तीन आधार पर पेट्रोल और डीजल के रेट्स तय करती हैं. पहला इंटरनेशनल मार्केट में क्रूड (कच्चे तेल का भाव). दूसरा देश में इंपोर्ट (आयात) करते वक्त भारतीय रुपये की डॉलर के मुकाबले कीमत. इसके अलावा तीसरा आधार इंटरनेशनल मार्केट में पेट्रोल-डीजल के क्या भाव हैं.

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